बच्चों के शवों को भी उसने परिचित को वीडियोकॉल में दिखाया, जाने पूरा मामला

बच्चों के शवों को भी उसने परिचित को वीडियोकॉल में दिखाया, जाने पूरा मामला

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद के इंदिरापुरम में मंगलवार प्रातः काल हुए भयावह हादसे का गवाह गुलशन का एक परिचित है. तीन लोगों ने आत्महत्या करने से पहले वीडियो कॉल के जरिए दिल्ली में रहने वाले अपने परिचित को दिखाया था कि उसने बच्चों का कत्ल कर दिया है. बच्चों के शवों को भी उसने परिचित को वीडियोकॉल में दिखाया. 

इसके साथ ही बताया कि अब वह खुद पत्नी समेत आत्महत्या करने जा रहा है. इससे पहले पूरा परिवार रात को खाना खाने के लिए दिल्ली स्थित एक रेस्टोरेंट गया था, जहां से देर रात 11 बजे के बाद वापस आया था.  

संजना ने आखिर क्यों की आत्महत्या?
गुलशन वासुदेव के साथ एक अन्य महिला संजना ने आखिर आत्महत्या क्यों की. बताया जा रहा है कि संजना गुलशन वासुदेव का बिजनेस संभालती थी. यह सवाल अधिकतर लोगों के मन में उठ रहा था. एसएसपी ने बताया कि संजना क्योंकि बिजनेस से जुड़ी हुई थी, इसलिए शायद उसके ऊपर भी देनदारी का दबाव होने कि सम्भावना है. 

फ्लैट संख्या 806 में पांच लोगों की मौतों का राज कैद
कृष्णा अपरा सफायर सोसाइटी के फ्लैट संख्या 806 में पांच लोगों की मृत्यु का राज छिपा हुआ है. मर्डर कैसे हुई, आत्महत्या क्यों की गई या किसने बच्चों की मर्डर की इस बात की गुत्थी फ्लैट में ही सिमट के रह गई है. आखिर ऐसा क्या कारण था कि सारे परिवार ने आत्महत्या जैसा जघन्य कदम उठाया. बाहर से आने वाले परिचित, सगे संबंधी या मीडियकर्मी सिर्फ कयास लगा रहे हैं कि घटना क्रम कैसा रहा होगा. लेकिन असलियत किसी को नहीं पता. मरने वालों ने हर उस आंख को बंद कर दिया जो उस घटनाक्रम की गवाह थी. मृतकों ने घर में उपस्थित पालतू खरगोश को भी मार दिया. 

मूलरूप से दिल्ली की झिलमिल कॉलोनी में रहने वाले गुलशन वासुदेव (45) डेढ़ माह पहले इंदिरापुरम के वैभव खंड की कृष्णा अपरा सफायर सोसाइटी (फ्लैट नंबर-ए-806)में किराये पर रहने आए थे. हालांकि, इससे पहले वह इंदिरापुरम की एटीएस सोसाइटी में रहते थे. गुलशन वासुदेव का दिल्ली की गांधी नगर बाजार में जींस का कारोबार है. बताया गया कि सोमवार की रात साढ़े ग्यारह बजे गुलशन का अपने साढू राकेश वर्मा से मोबाइल पर बहुत ज्यादा झगड़ा हुई. एसएसपी ने आसार जताई है कि इसी तनाव के चलते गुलशन वासुदेव ने पत्नी परवीन उर्फ परमीना व एक अन्य महिला संजना के साथ तड़के पांच बजे आठवीं मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली. मौके पर पहुंची पुलिस को गुलशन की पुत्री कृतिका (17)व ऋतिक (11)के मृत शरीर कमरे में पड़े मिले. एक्सर्ट के मुताबिक पहले लड़की की गला घोंटकर मर्डर की गई,इसके बाद लड़के के गले में चाकू घोंपकर मर्डर की गई. एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया जाँच से पता चलता है कि आर्थिक तंगी के चलते गुलशन वासुदेव ने परिवार समेत आत्महत्या की है. कमरे की दीवार पर बाउंस हुए चेक चस्पा थे. सुसाइड नोट तक लिखा हुआ था. सुसाइड नोट में साढू राकेश वर्मा को आत्महत्या का दोषी बताया है. गुलशन का पुत्र ऋतिक दिल्ली के श्रेष्ठ विहार स्थित डीएवी स्कूल में नौवीं कक्षा में पढ़ता था,जबकि पुत्री कृतिका इसी वर्ष बारहवीं करने के बाद इंदिरापुरम के कॉलेज से फैशन डिजाइनिंग का कोर्स कर रही थी. 

दिल्ली के पड़ोसी को सबसे पहले बताया
दिल्ली की झिलमिल कॉलोनी में रहने वाले रमेश अरोड़ा ने बताया कि गुलशन पहले उनके घर के पास ही रहता था. इस दौरान उनका गुलशन से परिचय हुआ. उन्होंने बताया कि करीब 3 बजकर 38 मिनट पर गुलशन ने उन्हें व्हाट्सएप पर जयमाता दी लिखकर भेजा. जिस पर उन्होंने उसे फोन कर उससे रात में मैसेज भेजने की वजह पूछी. जिस पर उसने वीडियो कॉल कर बच्चों के मृत शरीर दिखाए, जिसमें लड़के के गले में चाकू धंसा हुआ था. उसने बोला मैने सब समाप्त कर दिया है व अब मैं अपनी पत्नी के साथ आत्महत्या करने जा रहा हूं. जिसके बाद रमेश अरोड़ा बेहद परेशान हो गए व प्रातः काल 6 बजे से पहले ही इंदिरापुरम पहुंच गए थे लेकिन तब तक गुलशन घटना को अंजाम दे चुका था.

हमने आत्महत्या की है
एसएचओ इंदिरापुरम ने बताया कि मौके पर पहुंची पुलिस को गुलशन व परवीन मृत मिले थे, जबकि संजना जीवित थी. इस दौरान अस्पताल ले जाते समय संजना ने पुलिस से बोला कि हमने आत्महत्या की है. इसके बाद उसे नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया. जहां से संजना को मैक्स हॉस्पिटल रेफर किया गया. यहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई.  

सुसाइड नोट के आधार पर घटना की जाँच की जा रही है. नोट में दर्ज राकेश वर्मा की तलाश की जा रही है. जल्द ही आरोपी को अरैस्ट कर पूछताछ की जाएगी.  
- सुधीर कुमार सिंह, एसएसपी गाजियाबाद