लखनऊ में सामने आया Swine flu का एक मरीज जानिए कैसे करें बचाव

लखनऊ में सामने आया Swine flu का एक मरीज जानिए कैसे करें बचाव

राजधानी लखनऊ में स्वाइन फ्लू का प्रवेश हो चुका है किंग जॉर्ज चिकित्सा यूनिवर्सिटी के एक चिकित्सक में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है चिकित्सक को गंभीर हालत में केजीएमयू में ही भर्ती कराया गया है अब उनकी हालत काफी बेहतर है पीडियाट्रिक विभाग के चिकित्सक को आरंभ में बुखार था हालत गंभीर होने पर उनको केजीएमयू में भर्ती कराया गया जांच में स्वाइन फ्लू होने की पुष्टि हुई यूनिवर्सिटी की संक्रामक रोग इकाई में उनका उपचार किया जा रहा है एक या दो दिन में उनको छुट्टी दे दी जाएगी

क्या है स्वाइन फ्लू
एच1एन1 टाइप ए इन्फ्लूएंजा एक वायरल इंफेक्शन है, जो मूल रूप से सूअरों से मनुष्यों में फैला था अब, यह वायरस एक आदमी से दूसरे आदमी में फैल सकता है स्वाइन फ्लू के लक्षण नियमित इन्फ्लूएंजा से बहुत मिलते-जुलते हैं इसमें बुखार, सिरदर्द, ठंड लगना, दस्त, खांसी और छींक आने जैसे लक्षण शामिल हैं फ्लू सीजन में बेसिक हाइजीन का ख्याल रखकर और सर्जिकल मास्क पहनकर इस संक्रमण से बचा जा सकता है स्वाइन फ्लू के कई मुद्दे गर्मी और मानसून सीजन में बढ़ जाते हैं हालांकि, इस रोग से बचाव के लिए विभिन्न टीकों के साथ ही कई तरह के एंटीवायरल ट्रीटमेंट भी उपस्थित हैं बेहतर यही होगा कि इन दवाओं का सेवन चिकित्सक की देखरेख में ही की जाए

स्वाइन फ्लू में इस तरह के लक्षण
स्वाइन फ्लू में तेज बुखार के साथ खांसी, नाक बहना, गले में खराश, सिर दर्द, बदन दर्द, थकावट, ठंड लगना, उल्टी-दस्त, छाती में दर्द, रक्तचाप में गिरावट, खून के साथ बलगम आना और नाखूनों का नीला पड़ना जैसे लक्षण होते हैं इससे बचाव के लिए भीड़-भाड़ वाली जगहों में जाने से बचे, संक्रमित आदमी के संपर्क से दूर रहने तथा नियमित रूप से हाथ साबुन या हैण्डवॉश से धोने की राय भी दी जाती है सर्दी-खांसी एवं जुकाम वाले व्यक्तियों द्वारा इस्तेमाल किए रूमाल और कपड़ों का इस्तेमाल न करें और स्वाइन फ्लू के लक्षण होने पर चिकित्सक से जांच जरूर करवाए