जापान की मार्केटिंग कंपनी लेकर आई नायाब तोहफा, जानिए क्या हैं इसके फायदे

 जापान की मार्केटिंग कंपनी लेकर आई नायाब तोहफा, जानिए क्या हैं इसके फायदे

जिन लोगों को सिगरेट पीने की आदत नहीं है उन लोगों के लिए जापान की मार्केटिंग कंपनी ( Marketing Company ) नायाब तोहफा लेकर आई है. ऐसे में लोगों को कंपनी 6 दिन की एक्सट्रा पेड छुट्टी ( Extra Paid Leave ) देगी. वहीं कंपनी की मंशा यह भी है कि सिगरेट पीने वाले कर्मचारी इस सहूलियत को लेने के लिए सिगरेट को त्याग दें. 

इस पॉलिसी का कितना प्रभाव होगा यह तो वक्त बताएगा, लेकिन पूरी संसार में कंपनी की इस पॉलिसी के बहुत ज्यादा चर्चे प्रारम्भ हो गए हैं. क्योंकि कर्मचारी अपने वकिंग ऑवर्स में एक बार सिगरेट ब्रेक ( Cigarette Break ) पर जाने के लिए 15 मिनट से ज्यादा खर्च कर देते हैं. जिसका खामियाजा कंपनी की प्रोडक्टीविटी पर पड़ रहा है.

जापानी कंपनी की सुट्टा ब्रेक पॉलिसी
जापान स्थित तोक्यो की मार्केटिंग कंपनी पियाला इंक सुट्टा ब्रेक पॉलिसी लेकर आई है. वास्तव में यह पॉलिसी उन कर्मचारियों को लाभ पहुंचाएगी जो कंपनी का कार्य छोड़कर सुट्टा ब्रेक पर नहीं जाते हैं. उन्हें कंपनी 6 दिन की एक्सट्रा छुट्टी दे रही है. वास्तव में कंपनी के एक ऐसे कर्मचारी ने शिकायत की थी कि कार्य के दौरान कर्अ कर्मचारी सुट्टा ब्रेक पर जाते हैं. जिसकी वजह से कार्य पर प्रभाव पड़ता है, कंपनी की प्रोडक्टीविटी प्रभावित होती है. उसके बाद बाद कंपनी को यह पॉलिसी लेकर आनी पड़ी.

29वीं मंजिल से बेसमेंट पर पड़ता है जाना
वास्तव में कंपनी का कार्यालय 29वीं मंजिल पर है. जब किसी कर्मचारी को सिगरेट पीने की जरुरत महसूस होती है तो उसे बेसमेंट पर जाना पड़ता है. जिसमें 15 मिनट से ज्यादा वक्त लग जाता है. कंपनी के ऐसे कर्मचारियों की नाराजगी लगातार बढ़ रही थी जो सुट्टा ब्रेक पर नहीं जाते हैं या सिगरेट पीते ही नहीं है. जब यह शिकायत कंपनी के सीईओ ताकाओ असुका के सामने आई तो उन्होंने पॉलिसी बनाते हुए सिगरेट ना पीने वालों को छह दिन की एक्सट्रा छुट्टी का ऐलान कर दिया. खास बात यह सभी छुट्टियां पेड होंगी.

क्या बोलना है कंपनी का
कंपनी के प्रवक्ता के अनुसार कंपनी सीईओ ने कर्मचारियों की शिकायत देखने के बाद उससे सहमति जताई. असुका का बोलना है कि कर्मचारियों को स्मोकिंग से रोकने के लिए उन्हें किसी तरह का पनिशमेंट देने की स्थान उनसे स्मोकिंग छोडऩे के लिए बोला जाएगा. वहीं इस पपॉलिसी के बाद ऐसे लोग खुद जागरुक होंगे जिन्हें 6 दिन की ज्यादा छुट्टी की जरुरत होगी. इससे कंपनी की प्रोडक्टीविटी के लिए बेहतर नतीजे सामने आएंगे.