इनकम कर विभाग के मुताबिक पिछले वर्ष 22.30 लाख रिफंड सिर्फ इसलिए नहीं दिये, जानिए

इनकम कर विभाग के मुताबिक पिछले वर्ष 22.30 लाख रिफंड सिर्फ इसलिए नहीं दिये, जानिए

अपना बैंक एकाउंट चेक कीजिए। अगर नहीं आया तो अपना डिटेल्स फिर से चेक कीजिए कहीं आपने अपने एकाउंट या एड्रेस का डिटेल तो गलत नहीं दिया है क्योंकि इस वर्ष 2019-20 में नवंबर तक 1,46,272.8 करोड़ रुपए के 2.10 करोड़ रिफंड मिल गए हैं। जबकि पिछले इसी दौरान वर्ष 1,19,164.7 करोड़ रुपए के 1.75 करोड़ रिफंड मिले थे।

रिटर्न प्रोसेसिंग का कार्य आयकर डिपार्टमेंट के सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट CPC के द्वारा होता है। इस वर्ष 4.70 करोड़ रिटर्न प्रोसेस किए गए जो पिछली बार के मुकाबले 20% ज्यादा है।

रिफंड देने का कार्य इस वर्ष इतनी तेजी से चल रहा है कि  68% रिफंड 30 दिन में ही दे दिए। सारे रिफंड बैंक एकाउंट में ही दिए जा रहे हैं ,यानि सारे 2.10 करोड़ रिफंड सीधा बैंक एकाउंट में डाले गए हैं। इस समय 20.76 लाख रिफंड पेंडिंग है। इन रिफंड को देने के लिए आयकर विभाग करदाता को मेल व मैसेज कर रहा है ताकि वह अपने आयकर रिटर्न को री-वेरीफाई करें।

इनकम कर विभाग के मुताबिक पिछले वर्ष 22.30 लाख रिफंड सिर्फ इसलिए नहीं दिये गए क्योंकि करदाता का या तो पता गलत था या एकाउंट नंबर गलत था या एकाउंट बंद हो गया था, हालांकि बाद में विभाग ने बार बार सम्पर्क कर उन्हें रिफंड दिया।

अगर आपने आयकर रिटर्न भरा है व रिफंड का इंतजार कर रहे हैं तो समझ लीजिए कि होने कि सम्भावना है आपके साथ भी एकाउंट या एड्रेस मिसमैच वाली समस्या हो। इसलिए आयकर विभाग के मैसेज का इंतजार ना करें, तुरंत ही अपनी तरफ से इस समस्या को दूर कर कर लें।