मूडीज ने भारतीय अर्थव्यवस्था को स्टेबल से घटाकर नेगेटिव किया, जाने वजह

मूडीज ने भारतीय अर्थव्यवस्था को स्टेबल से घटाकर नेगेटिव किया, जाने वजह

दुनिया की बड़ी रेटिंग एजेंसी मूडीज (Moody's) ने भारतीय अर्थव्यवस्था के बारे अपने आउटलुक यानी नजरिए को 'स्टेबल' (स्थि‍र) से घटाकर 'नेगेटिव' (Moodys cut Indias Outlook to Negative from Stable) कर दिया है। इसके पहले अक्टूबर में ही मूडीज इनवेस्टर्स सर्विस ने 2019-20 में GDP ग्रोथ के अनुमान को घटाकर 5.8 प्रतिशत कर दिया था। Image result for Moody's downgrades Indian economy from stable to negative

मूडीज की ओर से जारी बयान में बोला गया है कि पहले के मुकाबले भारतीय अर्थव्यवस्था में जोखिम बढ़ गया है, इसलिए आउटलुक को घटाने का निर्णय किया है। आपकी जानकारी के लिए बताते चलें कि संसार की अन्य बड़ी रेटिंग एजेंसी फिच (Fitch Ratings) व एसएंडपी (S&P Global Ratings) ने हिंदुस्तान के आउटलुक को स्टेबल रखा है।

अब क्या होगा- कैपिटल सिंडिकेट के मैनेजिंग पार्टनर पशुपति सुब्रमण्यम ने न्यूज18 हिंदी को बताया है कि रेटिंग एजेंसी के इस निर्णय से खास प्रभाव नहीं होगा, क्योंकि अब दुनियाभर की अर्थव्यवस्था में सुधार के इशारा मिल रहे है। क्योंकि, ब्याज दरें घटाने के बाद निवेशकों का भरोसा भी लौटा है। इसीलिए शेयर मार्केट में तेजी आई है। हिंदुस्तान में विदेशी निवेशकों ने अक्टूबर महीने में करीब 8595.66 करोड़ रुपये लगाए हैं। वहीं, नवंबर में अभी तक 2,806.10 करोड़ रुपये का निवेश कर चुके हैं।

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वीएम पोर्टफोलियो के हेड विवेक मित्तल कहते हैं कि मौजूदा तिमाही में भी जीडीपी ग्रोथ पर दबाव रह सकता है। लेकिन अगले वर्ष के शुरुआती महीनों में भारतीय अर्थव्यवस्था फिर से पटरी पर लौट सकती है। इसके इशारा कंपनियों के तिमाही नतीजों से मिले है।

जुलाई-सितंबर तिमाही में कंपनियों का प्रदर्शन अनुमान से बेहतर रहा है। इसीलिए घरेलू शेयर मार्केट पर रेटिंग घटाने का खास प्रभाव नहीं है। ऐसे माहौल में निवेशकों के पास अच्छे शेयरों में खरीदारी करने का मौका है।

भारत की रेटिंग BAA2- रेटिंग के बारे में जानकारी देते हुए मूडीज ने कुछ चीजों को लेकर चिंताएं जाहिर की है। मूडीज का बोलना है कि आर्थिक मंदी को लेकर चिंताएं लंबे समय तक रहेंगी व लोन बढ़ सकता है।

कौन है मूडीज- आपकी जानकारी के लिए बताते चलें कि रेटिंग देने के इस सिस्टम देने की आरंभ 1909 में जॉन मूडी ने की थी। इसका मकसद इन्वेस्टर्स को एक ग्रेड देना है, ताकि बाजार में उसकी क्रेडिट बन सके। Moody's कॉर्पोरेशन, Moody's इन्वेस्टर्स सर्विस की पेरेंट कंपनी है, जो क्रेडिट रेटिंग व रिसर्च का कार्य करती है।

मूडीज की रेटिंग का मतलब मूडीज एक क्रेडिट रेटिंग एजेंसी है। ये एजेंसी 100 से भी अधिक आर्थिक विशेषज्ञों के साथ किसी देश की रेटिंग तय करते हैं। हालांकि, इसके लिए कोई भी फॉर्मूला नहीं है।

किसी देश के लिए क्या है मायने- इसमें किसी भी देश पर लोन व उसे चुकाने की क्षमता को ध्यान में रखा जाता है। इसके अतिरिक्त रेटिंग एजेंसी देश में आर्थिक सुधारों व उसके भविष्य के असर को भी ध्यान में रखता है।